Testimonials
Aditi Roy, Principal of Mount Columbus School
As a Resource person/Teacher Trainer, working with Madhubun Publishing has been very satisfactory as well as enriching. The house has really worked meticulously on its resource materials, books, support literature making it one of the most sought after publishers in the current times. Also, not to forget the staff who go out of the way to provide full support for us during our workshops, travel, stay etc. It’s just been a year working with Madhubun and I look forward too many more years of working together.
Aditi Roy
Principal of Mount Columbus School
शà¥à¤°à¥€ मती अनà¥à¤à¤¾ लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग पाथ सà¥à¤•ूल चंडीगà¥
वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संबोध के सà¤à¥€ अंक (६-८) तक काफी शिकà¥à¤·à¤¾à¤ªà¥à¤°à¤¦ वॠरोचक लगे। इसमें सà¤à¥€ पाठों को उचित रूप से संयोजित किया गया हैं। विशेष रूप से मà¥à¤¹à¤¾à¤µà¤°à¥‡ वॠलोकोकà¥à¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤ समà¤à¤¨à¥‡ में सरल वॠरोचक लगीं। बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के लिठये पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•े बहà¥à¤¤ अचà¥à¤›à¥€à¤‚ हैं। आशा है कि इसमें और à¤à¥€ कई नठतथà¥à¤¯ जà¥à¥œà¥‡à¤‚गे तथा यह और à¤à¥€ जà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤µà¤°à¥à¤§à¤• बन पाà¤à¤—ी।
शà¥à¤°à¥€ मती अनà¥à¤à¤¾
लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग पाथ सà¥à¤•ूल
चंडीगà¥
नीता सोनी, इरो इंटरनेशनल सà¥à¤•ूल जोधपà¥à¤°
मधà¥à¤¬à¤¨ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤•ाशित उतà¥à¤•रà¥à¤· और वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संबोध अचà¥à¤›à¥€ पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•े हैं। उतकरà¥à¤· में साहितà¥à¤¯ की सà¤à¥€ विधाओं का समावेष किया गया है । विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की रूचि का धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखते हà¥à¤ पाठपर आधारित सामगà¥à¤°à¥€ का à¤à¥€ समावेष किया गया है । वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संबोध में बचà¥à¤šà¥€à¤‚ के मानसिक सà¥à¤¤à¤° के अनà¥à¤°à¥‚प पाठय सामगà¥à¤°à¥€ का समावेष है । ये पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•ें पà¥à¤¨à¥‡ से विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के जà¥à¤žà¤¾à¤¨ में वृदà¥à¤§à¤¿ हो रही है ।
नीता सोनी,
इरो इंटरनेशनल सà¥à¤•ूल
जोधपà¥à¤°
शà¥à¤°à¥€ मती विà¤à¤¾ अधà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¿à¤•ा, कमला नेहरू पबà¥à¤²à¤¿à¤• सà¥à¤•ूल, फगवाड़ा
वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण लतिका में वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण की वà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤¹à¤¾à¤°à¤¿à¤• जानकारी सरलतम à¤à¤¾à¤·à¤¾ में दी गयी है। इसके माधà¥à¤¯à¤® से विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण जैसे दà¥à¤°à¥‚ह विषय को समà¤à¤¨à¥‡ में आसानी होगी। पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• पाठके अंत में दिठगठअà¤à¥à¤¯à¤¾à¤¸ कारà¥à¤¯ नवीनतम पाठà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® के लिहाज़ से उपयोगी सिदà¥à¤§ होंगे ।
शà¥à¤°à¥€ मती विà¤à¤¾ अधà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¿à¤•ा,
कमला नेहरू पबà¥à¤²à¤¿à¤• सà¥à¤•ूल,
फगवाड़ा
शà¥à¤°à¥€ चनà¥à¤¦à¤¨ सिंह हिंदी अधà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤•, ऑरोबिनà¥à¤¦à¥‹ सà¥à¤•ूल, जोधपà¥à¤° (राजसà¥à¤¥à¤¾à¤¨)
मैं अपने विदà¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में मधà¥à¤¬à¤¨ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤•ाशित हिंदी की पाठयपà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• गरिमा, गà¥à¤‚जन वॠवà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संबोध का पà¥à¤°à¤¯à¥‹à¤— कर रहा हूठ। ये सà¤à¥€ पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•ें मà¥à¤à¥‡ शिकà¥à¤·à¤¾ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• दृषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ोण वॠमांग के अनà¥à¤°à¥‚प तैयार की गयी पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤¤ होती हैं । à¤à¤• और जहाठमूलà¥à¤¯à¤¾à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में जीवन मूलà¥à¤¯à¥‹à¤‚ के विकास की और à¤à¤• सकारातà¥à¤®à¤• पहल है तो वहीठदूसरी और पाठके अंत में दिठICT पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ वॠवेबसाइट छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ को आधà¥à¤¨à¤¿à¤• टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² अपनी पà¥à¤¾à¤ˆ में करने को पà¥à¤°à¥‡à¤°à¤¿à¤¤ करता है ।
वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संबोध में वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण के पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¥‡à¤• पà¥à¤°à¤•रण को कविता के रूप पà¥à¤¨à¤¾ वॠयाद करना अपने आप में ही à¤à¤• अलग अनà¥à¤à¤µ है । हर पà¥à¤°à¤•रण का कà¥à¤°à¤®à¤µà¤¾à¤° विशà¥à¤²à¥‡à¤·à¤£ अतà¥à¤¯à¤‚त ही सरल वॠसà¥à¤¬à¥‹à¤§ है। निरंतर नठबदलाव के साथ इन पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•ों को हम तक पहà¥à¤‚चाने के लिठमधà¥à¤¬à¤¨ टीम को बहà¥à¤¤ बहà¥à¤¤ धनà¥à¤¯à¤µà¤¾à¤¦ वॠबधाई।
शà¥à¤°à¥€ चनà¥à¤¦à¤¨ सिंह हिंदी अधà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• वॠकोऑरà¥à¤¡à¤¿à¤¨à¥‡à¤Ÿà¤°
ऑरोबिनà¥à¤¦à¥‹ सà¥à¤•ूल,
जोधपà¥à¤° (राजसà¥à¤¥à¤¾à¤¨)
शà¥à¤°à¥€ मती सà¥à¤·à¥€à¤²à¤¾ à¤à¤¾à¤Ÿà¥€ अधà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¿à¤•ा
गà¥à¤‚जन पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• बचà¥à¤šà¥‡ के सरà¥à¤µà¤¾à¤‚गीण विकास के लिठसहायक है यह पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• गोयनका विदà¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में पिछले तीन साल से चल रही है यह शिकà¥à¤·à¤• वॠविदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ दोनों के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पसंद की गयी है इस पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• की सà¤à¥€ कृतियाठबचà¥à¤šà¥‹à¤‚ का जà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤µà¤°à¥à¤§à¤¨ करती हैं साथ ही साथ यह बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ की रà¥à¤šà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ वॠकà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾à¤“ं का धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखती हà¥à¤ˆ सरल à¤à¤¾à¤·à¤¾ में लिखी गयी है ।
हर पाठके अंत में वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण संवरà¥à¤§à¤¨ पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ दिठगठहैं जो बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को वà¥à¤¯à¤¾à¤•रण से जोड़े रखते हैं । पाठशिकà¥à¤·à¤¾à¤ªà¥à¤°à¤¦ हैं , नैतिक मूलà¥à¤¯à¥‹à¤‚ तथा सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ जीवनशैली पर बल दिया गया है । गà¥à¤‚जन पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• अमूलà¥à¤¯ है। इस पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• के गà¥à¤£ ही इसको अलग पहचान दिलाती है । इसी का नतीजा है कि यह सà¤à¥€ के दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पसंद कि जाती है ।
डॉ. संजॠमिशà¥à¤°à¤¾ हिंदी-संसà¥à¤•ृत विà¤à¤¾à¤—ाधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· हà¥à¤µà¤¾à¤‡à¤Ÿ फीलà¥à¤¡ गà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤² सà¥à¤•ूल, बैंगलà¥à¤°à¥
मधà¥à¤¬à¤¨ पà¥à¤°à¤•ाशन दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ पà¥à¤°à¤•ाशित हिंदी की पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• ‘उतà¥à¤•रà¥à¤·’ à¤à¤µà¤‚ ‘गà¥à¤‚जन’ राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ शिकà¥à¤·à¤¾ नीति के मापदंडों पर आधारित है। इनमें साहितà¥à¤¯ की सà¤à¥€ विधाओं का सà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤¨à¥à¤•ूल उचित समावेश है । इन पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•ों में विचारोतà¥à¤¤à¥‡à¤œà¤• पाठà¥à¤¯-सामगà¥à¤°à¥€ के साथ-साथ विषय का सरल रीति से सà¥à¤ªà¤·à¥à¤Ÿà¥€à¤•रण, जीवंत चितà¥à¤° à¤à¤µà¤‚ आकरà¥à¤·à¤• अà¤à¥à¤¯à¤¾à¤¸-सामगà¥à¤°à¥€ हैं जो अधिगम पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को अतà¥à¤¯à¤§à¤¿à¤• आनंदपूरà¥à¤£ à¤à¤µà¤‚ पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¥€ बनाते हैं। शिकà¥à¤·à¤£-अधिगम पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को अधिक सà¥à¤—म बनाने के लिठइन पाठà¥à¤¯à¤ªà¥à¤¸à¥à¤¤à¤•ों के साथ उपलबà¥à¤§ सहायक शिकà¥à¤·à¤£ सामगà¥à¤°à¥€, अà¤à¥à¤¯à¤¾à¤¸-पतà¥à¤°, तकनीकी-पाठà¥à¤¯-सामगà¥à¤°à¥€ की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ विशेष उलà¥à¤²à¥‡à¤–नीय हैं।




































